
शिवपुरी, 20 अगस्त 2026। जिले में कानून व्यवस्था और सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने वाली सोशल मीडिया गतिविधियों पर अब प्रशासन ने सख्त रुख अपना लिया है। कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट अर्पित वर्मा ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 163 के तहत पूरे शिवपुरी जिले की राजस्व सीमा में प्रतिबंधात्मक आदेश जारी कर दिया है।
आदेश के बाद सोशल मीडिया पर भड़काऊ, आपत्तिजनक, अफवाह फैलाने वाले और धार्मिक, सामाजिक या जातिगत भावनाएं भड़काने वाले संदेश, फोटो, वीडियो और ऑडियो प्रसारित करना भारी पड़ सकता है। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि ऐसे कंटेंट को केवल पोस्ट करना ही नहीं, बल्कि लाइक, शेयर या फॉरवर्ड करना भी कार्रवाई के दायरे में आएगा।
ग्रुप एडमिन की भी होगी जिम्मेदारी
प्रशासन ने व्हाट्सऐप समेत सोशल मीडिया ग्रुप के एडमिन को भी चेतावनी दी है। ग्रुप एडमिन की व्यक्तिगत जिम्मेदारी होगी कि उसके ग्रुप में भड़काऊ या अफवाह फैलाने वाली सामग्री प्रसारित न हो।
फेसबुक, व्हाट्सऐप, इंस्टाग्राम और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए भ्रामक एवं अपुष्ट सूचनाएं फैलाने पर भी कार्रवाई की जाएगी।
अफवाह फैलाई तो सीधे कार्रवाई
आदेश के मुताबिक किसी व्यक्ति, समुदाय या संगठन के खिलाफ घृणा, वैमनस्यता, उकसावे या हिंसा फैलाने वाली सामग्री प्रसारित करना प्रतिबंधित रहेगा। तथ्यों को तोड़-मरोड़कर लोगों को भड़काने या किसी समुदाय को हिंसा अथवा गैरकानूनी गतिविधियों के लिए उकसाने वाले संदेशों पर भी सख्त कार्रवाई होगी।
इसके अलावा सोशल मीडिया के जरिए लोगों या समुदायों को एकजुट होकर किसी स्थान पर जमा होने और गैरकानूनी गतिविधियों के लिए प्रेरित करने वाले आह्वान पर भी प्रशासन की कड़ी नजर रहेगी।
उल्लंघन किया तो कानूनी कार्रवाई तय
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ आईटी अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 223 के तहत दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन का संदेश साफ है कि सोशल मीडिया पर अफवाह, भड़काऊ पोस्ट या आपत्तिजनक सामग्री फैलाने से पहले सावधान रहें। एक क्लिक, लाइक, शेयर या फॉरवर्ड भी आपको कानूनी कार्रवाई के दायरे में ला सकता है।
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